भ्रष्टाचार या शिष्टाचार ?
Posted On 30 Sep 2008 By दिनेशराय द्विवेदी. Under Uncategorized.
कल के आलेख भ्रष्टाचार का पूल पर अनेक प्रतिक्रियायें थीं जिन में टिप्पणीकारों ने कहा था कि उन्हों ने पेशकार को जज के सामने ही रुपए लेते देखा है। यह ... Continue Reading
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भ्रष्टाचार का पूल
Posted On 27 Sep 2008 By दिनेशराय द्विवेदी. Under Uncategorized.
इन दिनों न्यायपालिका में भ्रष्टाचार की बातें माध्यमों पर आने लगी हैं। लेकिन माध्यमों से इतर भ्रष्टाचार के किस्से बहुत प्रचलित हैं। लेकिन मैं यहाँ किसी किस्से की बात नहीं ... Continue Reading
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कानूनी सलाह : ई-मेल संदेश एक वैध सबूत, उपभोक्ता अधिकार, सुखाधिकार
Posted On 27 Sep 2008 By दिनेशराय द्विवेदी. Under कानूनी सलाह.
समस्या-1नमस्कार,कृपया यह बताएँ कि ई-मेल के द्वारा पत्राचार को उपभोक्ता अदालत कितनी मान्यता देती है? मैं 10 साल से एनडीटीवी में कार्यरत था, उस दौरान मैंने कई प्रयोग किये। जैसे ... Continue Reading
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फैसले का दिन मुकर्रर हुआ
Posted On 24 Sep 2008 By दिनेशराय द्विवेदी. Under Uncategorized.
कस्बे की अदालत में कुछ घंटे -3मैं इसी से चिंतित हो गया था कि जज साहिबा कहीं आज भी टल्ला न मार जाएँ। पहले भी एक बार ऐसा ही हुआ ... Continue Reading
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आशा नैहर लौटी
Posted On 23 Sep 2008 By दिनेशराय द्विवेदी. Under Uncategorized.
कस्बे की अदालत में कुछ घंटे -2मुकदमा मेरे पुराने मुवक्किल कन्हैया की बेटी आशा का था। उसने 2003 में बेटी का ब्याह किया था, साथ ही गौना भी कर दिया ... Continue Reading
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कस्बे की अदालत में कुछ घंटे
पिछले दिनों नगर से तीस किलोमीटर दूर एक कस्बे की अदालत जाने का अवसर मिला। इस अदालत को भारतीय न्याय व्यवस्था में अदालतों के पिरामिड के भूतल का एक कक्ष ... Continue Reading
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नया कानून नहीं, शीघ्र सुलभ न्याय-व्यवस्था समस्या का हल है।
Posted On 15 Sep 2008 By दिनेशराय द्विवेदी. Under Uncategorized.
आतंकवादी हत्याएं जारी हैं। तमाम कोशिशों, घोषणाओं के बाद भी दिल्ली में बम विस्फोट हुए और जानें गईं। सैंकड़ों लोग घायल हुए। दिल्ली ही नहीं पूरे देश में एक दहशत ... Continue Reading
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