लालच के शिकारों को बचाने के लिए कानून मे बदलाव निहायत जरूरी
अब जा कर यह स्थिति बनने लगी है कि निर्माण कंपनियाँ कानून के प्रति जो असावधानियाँ बरतती है उस के खिलाफ कार्यवाही होने लगी है। हालाँ कि इस स्थिति के ... Continue Reading
3 Comments
जमानत के लिए कितनी बार आवेदन किया जा सकता है ?
रमेश जैन ने पूछा है ...धारा 498ए व 406 में किन-किन न्यायालयों में कितनी-कितनी बार जमानत के लिए आवेदन किया जा सकता है? क्या इसके लिए भी कोई सीमा तय होती है। क्या ... Continue Reading
6 Comments
सचिन तेंदुलकर के मोबाइल नंबर की कीमत सिर्फ 10,000 रुपए कैसे हो सकती है?
सत्तू इस बात से अप्रसन्न है कि जिस मोबाइल नंबर को देश के अनेक लोगों ने सचिन तेंदुलकर का नंबर समझ कर उसे फोन कर कर के तंग कर लिया ... Continue Reading
7 Comments
मैं तलाक नहीं चाहता, मुझे क्या करना चाहिए?
आकाश ने अपनी समस्या इस तरह रखी है ....मेरा विवाह 30 नवंबर 2006 को हुआ था, विवाह के छह माह तक सब ठीक रहा। छह माह के बाद से ... Continue Reading
1 Comments
क्या एक ही वकील सभी न्यायालयों में मुकदमे में पैरवी नहीं कर सकता?
Posted On 27 Aug 2010 By दिनेशराय द्विवेदी. Under Civil Law, Legal Advice, कानूनी सलाह, दीवानी विधि.
रमेश कुमार जैन ने पूछा है - - -क्या किसी भी प्रकार के विवाद के मामले में अपील दायर करने के लिए उच्च न्यायालय व उच्चतम न्यायालय के अलग-अलग ... Continue Reading
5 Comments
जनता को न्याय प्रदान करने में किसी राजनैतिक दल की कोई रुचि नहीं
भारत को आजादी मिले 63 वर्ष हो चुके हैं। लेकिन न्याय की स्थिति बेहतर से बदतर ही हुई है। लगता है सरकारों को न्याय व्यवस्था से कोई सरोकार नहीं है। ... Continue Reading
2 Comments
अमरीका की तुलना में भारत में न्याय की संभावना मात्र 10 प्रतिशत
विगत आलेख क्या हम न्यायपूर्ण समाज की स्थापना से पलायन का मार्ग नहीं तलाश रहे हैं ? पर तीन महत्वपूर्ण प्रतिक्रियाएँ आईँ।संगीता पुरी जी ने कहा कि 'सजा गल्ती की ... Continue Reading
6 Comments
