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Tag: न्याय प्रणाली

लिव इन रिलेशन न्यायपालिका की कम समय में वैवाहिक विवादों का निपटारा करने की अक्षमता से उपजा है।

समस्या- मनोज राठोड़ ने बांसवाडा, राजस्थान से समस्या भेजी है कि- क्या ऐसा कोई प्रावधान है? जिस में पत्नी पति के साथ 5 वर्षो से साथ न रहती हो
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निर्णय में देरी का प्रमुख कारण कम न्यायालय और कम न्यायाधीश हैं।

समस्या- आर. के.  ने नदबई, राजस्थान से समस्या भेजी है कि- मेरा तलाक के केस को लगभग चार साल हो चुके हैं और अभी तक फैसला नहीं हुआ
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श्रमिकों, कर्मचारियों को भारत के कानून और न्याय व्यवस्था से किसी तरह के न्याय और राहत की अपेक्षा नहीं करनी चाहिए।

समस्या- दिलीप सेठिया ने खंडवा, मध्यप्रदेश से  समस्या भेजी है कि- मैं एक निजी कंस्ट्रेक्सन कंपनी में 4 साल से मार्केटिंग एवं फील्ड का पूरा काम देख रहा हूँ।
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न्याय प्रणाली में सुधार आवश्यक है जिस से पक्षकार या वकील उसे लंबा न कर सकें

बिजनेस स्टेंडर्ड के 18 सितंबर 2011 के अंक में एम. जे. एंटनी के एक लेख का हिन्दी अनुवाद वकीलों की चालबाजी से लंबी खिंच जाती है मुकदमे बाजी
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लोक अदालतें : मुक्ति यज्ञ

राजस्थान की अदालतों के लिए यह सप्ताह लोकअदालतों का है। सभी अदालतों ने अपने यहाँ लंबित मुकदमों में से छाँट छाँट कर एक सूची बनाई है और पक्षकारों
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हमारी सरकारें अभी भी भारत को अपना देश नहीं समझतीं

कुछ दिन पूर्व एक समचार चैनल पर एक वरिष्ठ अधिवक्ता का साक्षात्कार प्रस्तुत किया जा रहा था। समस्या थी जेलों में बंद विचाराधीन कैदियों की। इन कैदियों को
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पैबंद लगी पैरहन

कल के आलेख न्यायालयों की श्रेणियाँ और उन में न्यायाधीशों की नियुक्तियाँ पर सिद्धार्थ शंकर त्रिपाठी की टिप्पणी थी कि “इसमें परिवार न्यायालयों, उपभोक्ता फोरम व विविध ट्रिब्यूनल्स
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प्रणव दा! सिंह साहब! और सोनिया जी! न्याय के लिए कुछ नहीं, मतलब अन्याय जारी रहेंगे ?

तीसरा खंबा में 26 जनवरी, 2009 की पोस्ट थी, न्याय रोटी से पहले की जरूरत है, …. जीवन के लिए जितना हवा और पानी आवश्यक है उतना ही
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क्यों उठते हैं न्यायिक व्यवस्था पर प्रश्न, बार-बार

पिछले दिनों मेरे ही एक संबंधी के पुत्र को 498-ए में गिरफ्तार किया गया। हम करीब साल भर पहले से यह जानते थे कि ऐसी स्थिति आ सकती
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अगले दस वर्षों में एक लाख जज नियुक्त करने होंगे

सरकारी आँकड़ों के अनुसार भारत में 4,30,000 लोग जेलों में बंद हैं, जिन में से तीन लाख बंदी केवल इसलिए बंद हैं कि उन के मुकदमे का निर्णय
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